Photo Basics

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Aperture blade from pixabay
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Aperture Meaning in hindi Understanding Aperture – Photo Basics

अपर्चर क्या होता है?  और डिजिटल फोटोग्राफी में इसका क्या महत्व है ?

Aperture Meaning in hindi

अपर्चर उन तीन  फैक्टर्स में से हैं  जिनके कारण एक्स्पोज़र बनता है |  बाकी के दो हैं  शटर स्पीड एंड आईएसओं | सिर्फ अपर्चर समझ जाने से आप काफी हद तक एक अच्छी  एक्सपोसेड इमेज खींचने के काबिल होंगे ||

इस पोस्ट में मैं आपको सिखाऊंगा की अपर्चर  किसे कहते हैं|और डिजिटल फोटोग्राफी में इसका क्या महत्व है |

डिजिटल फोटोग्राफी  और उसके इतिहास पर एक आर्टिकल पहले से ही फोटो बेसिक्स की वेबसाइट पर है|

यदि आप जानना चाहते हैं की डिजिटल फोटोग्राफी क्या होता है तो यहां क्लिक कीजिए |

इस आर्टिकल को आसान बनाने के लिए  मैंने इसे पांच भागों में बांट दिया है |

जिसकी हेडिंग पढ़कर आप अंदाजा लगा सकते हैं कि वह भाग किस चीज से संबंधित है |

1.अपर्चर  क्या है| Aperture Meaning in hindi ?

अपर्चर  दरअसल कैमरे का नहीं बल्कि लेंस का भाग है जो कि कैमरे की सहायता से कंट्रोल किया जाता हैअपर्चर लेंस के अंदर का छेद होता है जिसकी सहायता से लाइट इमेज सेंसर या फिल्म तक पहुंचती है जिसके परिणाम स्वरूप हमें फोटोग्राफ मिलती है |

उदाहरण के तौर पर इंसानी आप को देखिए इंसानी आंख की पुतली कितनी चौड़ी होगी उतना ही उसके अंदर लाइट जाएगी

और जितनी संकरी होगी उतनी ही कम लाइट उसके अंदर जाएगी|

ठीक उसी तरह से अपाचे का भी डायमीटर बड़ा या छोटा होता है जिसके कारण कम या ज्यादा लाइट इमेज सेंसर तक पहुंच सकती है |

अपर्चर का साइज फोटो खींचे जाने के हालातों पर निर्भर रहता है

यदि आप कम लाइट के अंदर फोटो खींचना चाहते हैं तो आपको अपर्चर का साइज ज्यादा रखना होगा जिसके कारण ज्यादा से ज्यादा लाइट इमेज सेंसर तक पहुंचे और आपको एक अच्छी  एक्सपोज्ड इमेज मिले |

2.अपर्चर को कैसे नापते हैं ं?

अपर्चर  सईज़  को नापने के लिए f-stop scale.  स्टॉप का इस्तेमाल होता है |

आपको अपने डिजिटल कैमरा पर कुछ इस प्रकार का निशान दिखेगा ‘f/’ |

यहनंबर   तय  करता है की अपर्चर का साइज कितना चौड़ा  हैं |

इसमें एक चौंका देने वाली बात यह है की जितना f  स्टॉप छोटा होगा उतना ही ज्यादा साइज अपर्चर का  ज्यादा होगा |   यानि की यु कहे की जितना f नंबर काम उतनी ज्यादा लाइट एंटर करेगी कैमरा के अंदर |

कुछ इस तरह का दिखता है स्केल  f/1.4, f/2, f/2.8, f/4, f/5.6, f/8, f/11, f/16, f/22.

इन नंबरों के बारे में जानने के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है संख्या बढ़ने के साथ अपर्चर  सेटिंग्स में घटकर इसके आधार आकर तक पहुंच जाती है|    जिसका मतलब है कि लेंस में 50% कम रोशनी जाएगी जैसे जैसे इसका नंबर बढ़ता जाएगा |

aperture value and its size relativity
aperture value and its size relativity

3.अपर्चर  एक्सपोज़र को कैसे बदलता हैं ?

जैसा कि मैंने पहले लिखा कि जितना ज्यादा अपर्चर नंबर होगा  उतना ही कम लाइट एंटर करेगी  इसी बात को और अच्छे से समझाने के लिए  नीचे कुछ इमेजेस है जिन्हें अलग अलग अपर्चर  सेटिंग्स पर क्लिक किया गया है इसकी सहायता से आपको और भी अच्छे से अपर्चर  के बारे में ज्ञान मिलेगा|

Different aperture same shutter speed photos
Different aperture same shutter speed photos

आप देख सकते है की इस इमेज में जैसे ही अपर्चर नंबर ज्यादा होता है  वैसे वैसे फोटोग्राफ डार्क होती जाती है|   इससे हमें यह स्पष्ट होता है  की अपर्चर  नंबर ज्यादा होने से अपर्चर का साइज काम होता है जिससे कम लाइट कैमरा क सेंसर में एंटर करती है |

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4.अपर्चर  इमेज  धुंदली करने में  कैसे  सहायता करता है |

इसे हम डेप्थ ऑफ फील्ड भी कहते हैं  | डेप्थ ऑफ़ फील्ड फोटोग्रोगर से सब्जेक्ट और सब्जेक्ट से बैकग्राउंड के  बीच के फोकसड  एरिया  को बोलते है |

जितना छोटानंबर होगा  उतना ही ज्यादा बैकग्राउंड  ब्लर होगा   यानी कि धुंधला होगाडेप्थ ऑफ फील्ड  का इस्तेमाल  हम सिर्फ सब्जेक्ट पर फोकस करने के लिए भी कर सकते हैं|

मान लीजिए कि आप का बैकग्राउंड बहुत ही ज्यादा खराब दिखता है या उसमें ऐसी चीज है जिसे आप फोटोग्राफ में नहीं दिखाना चाहते तो उस स्थिति में आप शालू डफील्ड का इस्तेमाल कर सकते हैं जो कि आप को कम f   नंबर पर मिलेगी जैसे कि

f/2, f/2.8. अगर डेप्थ ऑफ फील्ड का इस्तेमाल ठीक से किया जाए तो यह एक इमेज को बेहद खूबसूरत बना सकता है |

नीचे दी गई इमेज आपको अच्छे तरीके से समझा देगी की फील्ड असल में क्या चीज है |

Depth of field explaination
Depth of field explaination

तो हम इस नतीजे पर पहुंचे हैं की अपर्चर  फोटोग्राफी का एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा है |   जिसे समझ कर आप अपनी फोटोग्राफी में बहुत अच्छे से सुधार कर सकते हैं |

Different depth of field at different aperture value
Different depth of field at different aperture value
Showing effect of depth of field on aperture
Depth of field on Different f Numbers (Vector from :- Flaticon)
Best Understanding of Aperture

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अगर आप Aperture को ठीक से समझना चाहते हैं तो अपने कैमरा डायल के ऊपर AV या A मोड डायल करें इससे आप केवल अपर्चर वैल्यू   ही चेंज कर पाएंगे  बाकी सारी एक्स्पोज़र सेटिंगस  कैमरा खुद-ब-खुद   जान जाएगा |

अब बस आपको यह जानना जरूरी है कि आप किस प्रकार की  फोटो खींचना चाहते हैं|  यदि आप बहुत ही कम लाइट के अंदर है तो आपको अपर्चर वैल्यू कम करना  पड़ेगा   | इससे आपका सब्जेक्ट फोकस्ड रहेगा और इमेज भी अछे से एक्सपोज्ड आएगी |

आशा करता हु की आप अपर्चर को समझ चुके है | यदि आपके कोई सवाल है अपर्चर को लेकर तो वो आप क्वेश्चन एंड आंसर वाले पेज पर पूछ सकते है जिसका जवाब मई अवश्य दूंगा.

इस आर्टिकल को आगे शेयर करे जिससे और भी लोग हिंदी में फोटोग्राफी सिख सके |

आर्टिकल पड़ने के  लिए धन्यवाद |

आगे पढ़िए |

what is photography featured image
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Basics of Photography क्या है | और यह कितने प्रकार की होती है |

Photo by Nick Demou from Pexels

फोटोग्राफी आज के समय में बहुत ही पसंदीदा टॉपिक है खास करके नई जनरेशन के बीच|बहुत से लोग फोटोग्राफी करना तो चाहते हैं ,  लेकिन असल में वह फोटोग्राफी का सही मतलब नहीं जानते हैं |

 इस आर्टिकल में मैं आपको फोटोग्राफी का इंट्रोडक्शन दूंगा और बताऊंगा Basics of Photography क्या है | और यह कितने प्रकार की होती है | |  इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद आप फोटोग्राफी से संबंधित सारी जानकारी हासिल कर पाएंगे |

 आप लोगों के लिए इस आर्टिकल को आसान बनाने के लिए इस आर्टिकल को 3 भागों में बांट दिया है |

 जिसमें कि पहला भाग है |

  फोटोग्राफी क्या है ? (Basics of Photography)

फोटोग्राफी असल में कैमरा के माध्यम से लाइट को कैप्चर करने की एक कला है  जोकि डिजिटल सेंसर या फिल्म के माध्यम से एक इमेज बनाने में आपकी सहायता करती है | आज के समय में आप काफी अदृश्य लाइट को भी कैप्चर कर सकते हो जो कि इंसानी आंखें नहीं देख पाती अगर आपके पास सही तरीके का इक्विपमेंट हो तो |

फोटो बेसिक्स के आने वाले आर्टिकल्स में मैं आपको उन सभी  इक्विपमेंट के बारे में बताऊंगा जिनकी मदद से आप यूवी रेज,  इंफ्रारेड एंड रेडियो लाइट जैसी लाइट भी कैप्चर कर पाएंगे |

 फोटोग्राफी की परिभाषा बस इतनी ही थी अब दूसरे भाग में हम जानते हैं फोटोग्राफी  के इतिहास के बारे में |

फोटोग्राफी का इतिहास

दुनिया की पहली फोटोग्राफ 1826 में यह कुछ लोगों का मानना है कि 1827 में फ्रांस में खींची गई थी | और इसे खींचने वाले साइंटिस्ट का नाम था  जोसेफ निकेफोर नीपसे |  यह फोटोग्राफ एक बिल्डिंग की छत की थी जो कि सूरज की रोशनी द्वारा प्रकाशित थी |

 नीचे दी गई इमेज को  डिजिटल बनाया गया है |

 कुछ इस तरह से दिखती थी दुनिया की पहली रिकॉर्डेड तस्वीर |

Joseph Nicéphore Niépce’s “View from the Window at Le Gras.” 1826 or 1827. Gernsheim Collection, Harry Ransom Center / The University of Texas at Austin.

कलर फोटोग्राफी पॉपुलर हुई कोडाक्रोम की रिलीज के साथ जिसे 1930 में ईस्टमैन कोडक ने रिलीज किया था |

 इससे पहले सभी की सभी फोटोस ब्लैक एंड व्हाइट थी या मोनोक्रोमेटिक थी ( मोनोक्रोमेटिक का अर्थ है जिसमें केवल एक प्रकार के रंग  हो)

अगर आप उस समय की कुछ बेहतरीन फोटोग्राफ्स देखना चाहते हैं तो इस लिंक पर क्लिक कीजिए |

https://timeline.com/photos-earliest-color-images-f48ea4ae8e9f

 इस आर्टिकल में हमने कुछ नाम भी शॉर्टलिस्ट किए हैं जिनकी डिस्कवरी उनके क्रिएटिव आइडियाज और उनकी फोटोग्राफ्स ने आज के टाइम की फोटोग्राफी को इतना बेहतरीन बनाने में योगदान दिया है |   तो अगर आप भी फोटोग्राफी की  तकनीकों को सीखना चाहते हैं उससे पहले आपका इन नामों से परिचित होना बेहद आवश्यक है |

जोसेफ निकेफोर नीपसे

अविष्कार :-  दुनिया की पहली परमानेंट फोटोग्राफ ( जो की खिड़की के अंदर से एक बेहतरीन दृश्य था ले ग्रास का)

 कहां और कब :-  फ्रांस 1826 में

 Photography की दुनिया में असर :- 

1826 से कई सदियों पहले कैमरे का आविष्कार हो गया था लेकिन उनमें एक बहुत बड़ी तकनीकी खराबी थी जिसके कारण आप फोटोग्राफ को रिकॉर्ड नहीं कर सकते थे वह सिर्फ एक रोशनी को दूसरी सतह पर दिखाती थी,  जिसकी सहायता से आर्टिस्ट रियलिस्टिक पेंटिंग्स बनाते थे जो की एक्चुअल फोटोग्राफ्स नहीं होती थी |  लेकिन जोसेफ ने यह प्रॉब्लम  सॉल्व कर दी थी उन्होंने  पारितोषिक प्लेट को डामर के साथ कोट कर दिया था जो कि   रोशनी के संपर्क में आने से और   ठोस बन जाता है | प्लेट को लैवेंडर के तेल के साथ धोने से वह  ठोस पदार्थ को हमेशा के लिए प्लेट पर चिपका देता है |  जो कि बाद में एक तस्वीर का रूप ले लेता है |

एंसेल ऐडम्स

शैली :-  लैंडस्केप फ़ोटोग्राफ़ी

कहां और कब:-  सन 1920 से 1960 तक यूनाइटेड स्टेट्स में |

प्रभाव :-   एंसेल ऐडम्स  इतिहास के बहुत ही मशहूर फोटोग्राफर थे जो की प्रकृति की फ़ोटोग्राफ़ी किया करते थे और अपनी लैंडस्केप फोटोग्राफी के लिए बहुत ही  सराहनीय थे |  अपनी फोटोग्राफी के जरिए उन्होंने शुरुआती तौर पर होने वाली काफी सारी है पर्यावरण संरक्षण आंदोलनों में हिस्सा लिया |  उनका कहना था की “एक धुंधले विचारधारा या आईडिया की शार्प इमेज से बुरा कुछ भी नहीं हो सकता”|

 फोटोग्राफी कितने प्रकार की होती है जानने के लिए तीन नंबर दबाएं

फोटोग्राफी के प्रकार जानिए फोटोग्राफी कितने प्रकार की होती है

 आज के नए जमाने में Photography के कई सारे प्रकार है लेकिन इन सब का Basics देखा जाए तो फोटोग्राफी को केवल तीन भागों में ही बांटा जा सकता है |

1.आर्ट फोटोग्राफी

2. डॉक्यूमेंट्री फोटोग्राफी

3. कमर्शियल फोटोग्राफी

आर्ट फोटोग्राफी

आर्ट फोटोग्राफी उसे कहा जाता है जिसके अंदर आप अपने खुद   के फोटोग्राफी स्टाइल का अविष्कार करते हैं |

इसमें कई प्रकार की फोटोग्राफी शामिल हो सकती है |

 जैसे कि   वाइल्डलाइफ फोटोग्राफी,  लैंडस्केप फोटोग्राफी,  पोट्रेट फोटोग्राफी,  नेचर फोटोग्राफी ,  एस्ट्रोफोटोग्राफी , फाइन आर्ट फोटोग्राफी, एरियल फोटोग्राफी ,  अंडर वाटर फोटोग्राफी,  और इसी तरह की बहुत सारी फोटोग्राफी ,आर्ट फोटोग्राफी के अंदर शामिल है |  आर्ट फोटोग्राफी के अंदर फोटोग्राफर अपनी फोटोग्राफ्स को आर्ट गैलरी में या फिर इंटरनेट पर तस्वीरें  बेचकर पैसे कमा सकता है |  आर्ट फोटोग्राफी में पैसा कमाना मुश्किल हो जाता है क्योंकि इसमें आपको अपनी काबिलियत पर पूरा भरोसा होना चाहिए तभी आप पैसा कमा पाएंगे |

 आने वाले आर्टिकल्स में मैं आपको जानकारी दूंगा कि आप किस प्रकार से आर्ट फोटोग्राफी के जरिए भी पैसा कमा सकते हैं |

डॉक्यूमेंट्री फोटोग्राफी

  इस कैटेगरी के अंदर केवल उसी प्रकार की फोटोग्राफी शामिल है जिसमें किसी प्रकार का सामाजिक मुद्दा जुड़ा हो या फिर जिन फोटोग्राफ्स के साथ रोजमर्रा की जिंदगी के संघर्ष उतार-चढ़ाव आदि जुड़े हो |

Documentary Photo from Pexels

 इस तरह की फोटोग्राफी में फोटोग्राफर एक व्यक्ति विशेष या किसी लैंडस्केप के बारे में फोटोग्राफ्स के जरिए विस्तार से बता सकता है |  डॉक्यूमेंट फोटोग्राफी में पैसा न्यूज़ पब्लिशर के तरफ से या मैगजीन पब्लिशर की तरफ से आ सकता है आप अपनी डॉक्यूमेंट की गई फोटोग्राफ को न्यूज़ पब्लिशर या मैगजीन पब्लिशर को भेजते हैं और यदि उन्हें वह टॉपिक जरूरी लगता है या आपका काम बेहद ही अच्छा है तो वह उसे अपने न्यूज़ कोल्लम या मैगजीन के अंदर जगह दे सकते हैं जिसकी वजह से आप फोटोग्राफी में कमा सकते हैं |  आर्ट फोटोग्राफी के साथ-साथ डॉक्यूमेंट्री फोटोग्राफी मैं भी आप इंटरनेट पर इमेजेस  बेचकर पैसा कमा सकते हैं | डॉक्यूमेंट्री फोटोग्राफी में पोट्रेट फोटोग्राफी, लैंडस्केप फोटोग्राफी ,आंदोलनकारियों की तस्वीरें,  वार फोटोग्राफी  इत्यादि कैप्चर करते हैं |

कमर्शियल फोटोग्राफी

 कमर्शियल Photography में आप सबसे ज्यादा पैसा  वेडिंग फोटोग्राफी के जरिए कमा सकते हैं |  आने वाले समय में मैं आपको वेडिंग फोटोग्राफी के बारे में भी जानकारी दूंगा |  और इसी के साथ साथ उन सभी प्रकार की फोटोग्राफी की जानकारी दूंगा जिसमें आप अपना करियर बना सकते हैं |

 तो यह तो Basics of Photography क्या है | और यह कितने प्रकार की होती है | |  अगर आपको यह आर्टिकल पसंद आया और आप को लगा कि आपको इससे काफी ज्ञान मिला है तो इसे शेयर करें फेसबुक पर अपने उन दोस्तों के साथ जो कि आप ही की तरह फोटोग्राफी सीखना चाहते हैं |

यदि इसके इलावा भी आपका कोई सवाल है जो आप मुझसे पूछना चाहते हैं तो  क्वेश्चन एंड आंसर वाले पेज में जाकर आप अपना सवाल पूछ सकते हैं | 

 आर्टिकल पढ़ने के लिए धन्यवाद |

आगे पढ़े Aperture के बारे में